नाबालिग दुष्कर्म और अपहरण: झुंझुनूं पुलिस ने महाराष्ट्र से दबोचा मुख्य आरोपी

  • गुढ़ागौड़जी थाने की टीम और साइबर सेल को मिली बड़ी सफलता

जयपुर 2 जुलाई। झुंझुनूं जिले की गुढ़ागौड़जी पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल करते हुए नाबालिग बालिका का अपहरण और दुष्कर्म करने के आरोप में फरार चल रहे मुख्य आरोपी विकास कुमार को महाराष्ट्र से गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने अपहृत नाबालिग को भी सुरक्षित दस्तयाब कर लिया है। इस कार्रवाई में झुंझुनूं पुलिस की साइबर शाखा का अहम योगदान रहा, जिसने तकनीकी दक्षता से आरोपी का पता लगाने में मदद की।
गुढ़ागौड़जी थाने में एक पीड़ित परिवार ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उनकी नाबालिग बेटी को विकास कुमार पुत्र लीलाधर मेघवाल, जो गुढ़ागौड़जी का ही निवासी है, बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया है। इस गंभीर शिकायत के मिलते ही पुलिस ने तुरंत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी थी।
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए झुंझुनूं के कार्यवाहक पुलिस अधीक्षक श्री देवेंद्र सिंह राजावत के मार्गदर्शन और नवलगढ़ वृत्त के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राजवीर सिंह चंपावत के सुपरविजन में गुढ़ागौड़जी थानाधिकारी राममनोहर ने तत्काल एक विशेष टीम का गठन किया। शुरुआती तलाश में आरोपी का कोई सुराग नहीं मिल पा रहा था।
इस चुनौती को देखते हुए झुंझुनूं पुलिस अधीक्षक कार्यालय की साइबर शाखा से कांस्टेबल अरविंद की मदद ली गई। साइबर सेल के कांस्टेबल अरविंद और गुढ़ागौड़जी थाने के कांस्टेबल हरेंद्र कुमार ने मिलकर तकनीकी विश्लेषण के जरिए आरोपी विकास की सटीक लोकेशन महाराष्ट्र के वसई वेस्ट में ट्रेस कर ली।
लोकेशन मिलते ही गठित विशेष टीम को तुरंत महाराष्ट्र के वसई वेस्ट के लिए रवाना किया गया। टीम ने बिना समय गंवाए आरोपी विकास कुमार को हिरासत में लिया और गहन पूछताछ के बाद उसे गिरफ्तार कर लिया। साथ ही अपहृत नाबालिग बालिका को भी सकुशल दस्तयाब कर लिया गया, जिससे परिवार ने राहत की सांस ली।
इस महत्वपूर्ण ऑपरेशन को सफल बनाने एसएचओ राममनोहर सहित एएसआई सज्जन सिंह कांस्टेबल मनोज कुमार, हरेंद्र कुमार, कांस्टेबल (989), सुनीता, महिला कांस्टेबल (1481) और कांस्टेबल साइबर सेल अरविंद का विशेष योगदान रहा।
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