
जयपुर से इस वक्त की सबसे बड़ी और दर्दनाक खबर—एसएमएस अस्पताल के ट्रॉमा सेंटर में सोमवार देर रात लगी भीषण आग ने पूरे शहर को दहला दिया। देर रात अचानक आग लगने से वार्ड में अफरातफरी मच गई। धुएं और लपटों के बीच मरीज जान बचाने के लिए बाहर की ओर भागे, लेकिन कई मरीज बाहर नहीं निकल पाए।
अब तक 6 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि कई मरीजों की हालत गंभीर बताई जा रही है। उन्हें अन्य वार्डों में शिफ्ट किया गया है। हादसे के बाद मौके पर दमकल की कई गाड़ियां पहुंचीं और काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया।
अब सवाल उठ रहे हैं—क्या फायर सेफ्टी सिस्टम फेल था? क्या अस्पताल प्रशासन ने आग से निपटने के पर्याप्त इंतजाम नहीं किए थे? या फिर ये एक और उदाहरण है सरकारी लापरवाही का, जिसकी कीमत निर्दोष मरीजों को अपनी जान देकर चुकानी पड़ी।
हादसे के बाद पूरे अस्पताल परिसर में दहशत का माहौल है, परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है। प्रशासन ने हादसे की जांच के आदेश दे दिए हैं।